Weather Update: मौसम विभाग का अलर्ट है कि, सब सावधान हो जाएं. न्यू ईयर सेलिब्रेशन पार्टी में खलल पड़ सकती है. मौसम विभाग की नई भविष्यवाणी के अनुसार 31 दिसम्बर को राजस्थान का मौसम बदल सकता है. राजस्थान में एक नए मजबूत पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने की पूरी संभावना है. इस पश्चिमी विक्षोभ की वजह से 31 दिसंबर को प्रदेश के बीकानेर, जोधपुर, अजमेर संभाग व शेखावाटी क्षेत्र के जिलों के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश या मावठ होने की संभावना है. इन तीन संभाग में 19 जिले शामिल हैं. इनमें बीकानेर, चूरू, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, जोधपुर, बाड़मेर, जैसलमेर, जालौर, पाली, सिरोही, बालोतरा, फलौदी, अजमेर, भीलवाड़ा, टोंक, नागौर, ब्यावर, डीडवाना‑कुचामन और शाहपुरा जिलों के कुछ हिस्सों में इसका प्रभाव पड़ेगा.
मौसम विभाग की चेतावनी (IMD Alert Rajasthan)
मौसम विभाग ने साफ किया है कि न्यू ईयर ईव पर मौसम अचानक करवट ले सकता है. खुले में कार्यक्रम करने वालों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है, क्योंकि हल्की बारिश और मावठ से ठंड बढ़ सकती है और दृश्यता भी प्रभावित हो सकती है.
पश्चिमी विक्षोभ का असर क्यों अहम है
पश्चिमी विक्षोभ सर्दियों में उत्तर भारत के मौसम को बदलने वाला प्रमुख सिस्टम है. इसके सक्रिय होते ही बादल, हल्की बारिश, तापमान में उतार‑चढ़ाव और कुछ इलाकों में कोहरा देखने को मिलता है. इस बार सिस्टम काफी मजबूत बताया जा रहा है, इसलिए इसका असर एक साथ कई संभागों में दिख सकता है.
31 दिसंबर को किन संभागों में बदलेगा मौसम
31 दिसंबर को बीकानेर, जोधपुर, अजमेर संभाग और शेखावाटी में बादल छाने के साथ हल्की बारिश/मावठ की संभावना है. इससे न्यूनतम तापमान में हल्की बढ़ोतरी, लेकिन अधिकतम तापमान में गिरावट देखी जा सकती है.
प्रभावित जिलों की विस्तृत सूची
मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार बीकानेर, चूरू, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, जोधपुर, बाड़मेर, जैसलमेर, जालौर, पाली, सिरोही, बालोतरा, फलौदी, अजमेर, भीलवाड़ा, टोंक, नागौर, ब्यावर, डीडवाना‑कुचामन और शाहपुरा—इन जिलों के कुछ हिस्सों में बारिश/मावठ का असर पड़ सकता है.
1 जनवरी को इन 3 संभाग में बारिश का अलर्ट
नए साल 2026 के पहले दिन (1 जनवरी) भी मौसम पूरी तरह साफ नहीं रहेगा. बीकानेर, जयपुर और भरतपुर संभाग के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश की संभावना जताई गई है. इन तीन संभाग में 17 जिले शामिल हैं.
1 जनवरी को प्रभावित जिलों की सूची
बीकानेर, चूरू, श्रीगंगानगर, हनुमानगढ़, जयपुर, दौसा, अलवर, सीकर, झुंझुनू, खैरथल‑तिजारा, कोटपूतली‑बहरोड़, भरतपुर, धौलपुर, करौली, सवाईमाधोपुर, डीग और गंगापुरसिटी—इन जिलों के कुछ हिस्सों में मौसम का असर देखा जा सकता है.
न्यू ईयर सेलिब्रेशन पर क्या पड़ेगा असर
आउटडोर न्यू ईयर पार्टियों में बारिश बाधा बन सकती है. ठंड बढ़ने और नमी के कारण रात का तापमान नीचे जा सकता है. आयोजकों को टेंट, हीटर और अच्छी व्यवस्था रखने की सलाह दी जा रही है.
2 जनवरी से पुन: मौसम शुष्क रहने की संभावना
मौसम विभाग के अनुसार 2 जनवरी से मौसम फिर शुष्क होने की संभावना है. इसके बाद बारिश की गतिविधियां थम सकती हैं और सामान्य सर्दी का दौर लौट सकता है
जनवरी के पहले सप्ताह में कोहरे की चेतावनी
उत्तरी‑पश्चिमी राजस्थान में जनवरी के पहले सप्ताह में घना कोहरा दर्ज होने की संभावना है. इससे सुबह‑सुबह दृश्यता कम हो सकती है, जो यात्रा और यातायात के लिए चुनौती बन सकती है.
तापमान में संभावित बदलाव
आगामी 3–4 दिनों में राज्य के अधिकांश हिस्सों में न्यूनतम तापमान में 1–3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी हो सकती है. हालांकि बारिश वाले इलाकों में अधिकतम तापमान में गिरावट संभव है.
बीते 24 घंटे का मौसम हाल
पिछले 24 घंटे में उत्तर‑पूर्वी राजस्थान में घना कोहरा छाया रहा. इसके कारण कई जिलों में दिन के तापमान में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई.
करौली रहा प्रदेश का सबसे ठंडा दिन
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार अलवर, हनुमानगढ़ और करौली में दिन का अधिकतम तापमान 20 डिग्री सेल्सियस से नीचे रहा. करौली में प्रदेश का सबसे ठंडा दिन दर्ज हुआ, जहां अधिकतम तापमान 18.5 डिग्री सेल्सियस रहा.
किसानों के लिए क्या संकेत
मावठ से रबी फसलों को सीमित लाभ मिल सकता है, लेकिन ज्यादा नमी से कटाई‑भंडारण में सावधानी जरूरी है. किसानों को स्थानीय कृषि सलाह के अनुसार कदम उठाने की सलाह दी जाती है.
यात्रियों और वाहन चालकों के लिए सलाह
बारिश और कोहरे के दौरान स्पीड सीमित रखें, हेडलाइट/फॉग लाइट का सही इस्तेमाल करें और सुबह‑सुबह लंबी यात्रा से बचें.
स्वास्थ्य को लेकर सावधानी
ठंड और नमी बढ़ने से सर्दी‑जुकाम की आशंका रहती है. बुजुर्गों और बच्चों को गरम कपड़े पहनाने और गर्म पेय लेने की सलाह दी जाती है.
आगे क्या उम्मीद करें
मौसम का यह उतार‑चढ़ाव न्यू ईयर के आसपास सामान्य है, लेकिन इस बार सिस्टम मजबूत होने से असर ज्यादा दिख सकता है. 2 जनवरी के बाद हालात सामान्य होने की उम्मीद है.


